रायपुर/वित्त, आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा है कि छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल आने वाले वर्षों में प्रदेश के आर्थिक और अधोसंरचनात्मक विकास का प्रमुख इंजन बनेगा, हाउसिंग बोर्ड की भूमिका अब केवल आवास निर्माण तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि सड़क, पुल, खेल अधोसंरचना, सार्वजनिक भवनों, टाउन प्लानिंग और शहरी पुनर्विकास जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं में भी इसकी भागीदारी बढ़ाई जाएगी,

मंत्री चौधरी नवा रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ संवाद के ऑडिटोरियम में छत्तीसगढ़ गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल द्वारा आयोजित राज्य स्तरीय तकनीकी प्रशिक्षण कार्यशाला को संबोधित कर रहे थे,उन्होंने कहा कि विकसित छत्तीसगढ़ 2047 के लक्ष्य को साकार करने के लिए मंडल को अपनी परंपरागत कार्यप्रणाली से आगे बढ़ना होगा,

इसके लिए नवाचार, आधुनिक तकनीक, बेहतर वित्तीय प्रबंधन और परिणामोन्मुखी कार्यसंस्कृति अपनाना आवश्यक है, मंत्री ओ.पी. चौधरी ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल को आर्थिक रूप से सुदृढ़, आत्मनिर्भर और बहुआयामी अधोसंरचना विकास संस्था के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है,
इसी दिशा में मंडल की वित्तीय स्थिति में सुधार, रिक्त संपत्तियों के विक्रय, नई परियोजनाओं के चयन और कार्यप्रणाली में व्यापक सुधार के प्रयास किए जा रहे हैं, उन्होंने कहा कि बदलती आवश्यकताओं के अनुरूप मंडल को अपनी कार्यक्षमता बढ़ानी होगी, ताकि आवास निर्माण के साथ प्रदेश में विभिन्न प्रकार की अधोसंरचनात्मक परियोजनाओं के विकास में भी प्रभावी भूमिका निभाई जा सके,
राज्य स्तरीय तकनीकी प्रशिक्षण कार्यशाला का उद्देश्य मंडल के अधिकारियों और कर्मचारियों की तकनीकी दक्षता, प्रशासनिक क्षमता, वित्तीय प्रबंधन तथा कार्यकुशलता में वृद्धि करना था,इसके साथ ही उन्हें आधुनिक निर्माण तकनीकों, नवाचारी वित्तीय मॉडलों और अधोसंरचना विकास की नई संभावनाओं से परिचित कराना भी कार्यशाला का प्रमुख उद्देश्य रहा,
कार्यशाला में आधुनिक तकनीक और बेहतर प्रबंधन के माध्यम से निर्माण कार्यों की गुणवत्ता तथा कार्यप्रणाली में सुधार की आवश्यकता पर जोर दिया गया,मंत्री चौधरी ने मंडल की भूमिका को व्यापक बनाने और उसे भविष्य की जरूरतों के अनुरूप तैयार करने पर बल दिया, आवास निर्माण के अलावा सड़क, पुल, खेल सुविधाओं, सार्वजनिक भवनों और शहरी पुनर्विकास जैसे क्षेत्रों में भागीदारी बढ़ने से मंडल के कार्यक्षेत्र का विस्तार हो सकेगा,
राज्य सरकार की मंशा है कि वित्तीय मजबूती, आधुनिक निर्माण तकनीकों और कार्यप्रणाली में सुधार के जरिए गृह निर्माण एवं अधोसंरचना विकास मंडल को प्रदेश के दीर्घकालिक विकास लक्ष्यों में अधिक प्रभावी भागीदार बनाया जाए,,,,,




