रायगढ़ / रायगढ़ पुलिस ने बहुचर्चित सहारा इंडिया निवेश घोटाले में बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब तीन वर्षों से फरार चल रहे सहारा इंडिया के रायगढ़ शाखा प्रबंधक विजय कुमार शराफ को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है, आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया,
रायगढ़ स्थित कबीर चौक शाखा के तत्कालीन शाखा प्रबंधक विजय कुमार शराफ लंबे समय से फरार था, मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने उसे उसके ससुराल क्षेत्र कोतरारोड़ से गिरफ्तार किया, पूछताछ के दौरान उसके कब्जे से सहारा इंडिया फ्रेंचाइजी कार्यालय से संबंधित प्रशासनिक आदेश और कंपनी के एमओयू की प्रतियां भी बरामद की गईं,

पुलिस के अनुसार, वर्ष 2022 में रायगढ़ निवासी विकास निगानिया ने शिकायत दर्ज कराई थी, कि सहारा इंडिया के अधिकारियों और कर्मचारियों ने कंपनी को विश्वसनीय एवं आरबीआई से अधिकृत बताकर वर्ष 2017 में उनसे, उनकी पत्नी और माता से विभिन्न योजनाओं में करीब 40 लाख रुपये का निवेश कराया, निवेश अवधि पूरी होने के बाद भी राशि वापस नहीं की गई,
जांच में पता चला कि निवेशकों से सहारा इंडिया के नाम पर राशि लेकर विभिन्न सहकारी समितियों के नाम से बॉन्ड जारी किए गए,जिला प्रशासन, बैंकों, मंत्रालयों और निवेशकों से प्राप्त दस्तावेजों के आधार पर कंपनी के कई वरिष्ठ अधिकारियों, शाखा प्रबंधकों, सेक्टर मैनेजरों और क्षेत्रीय अधिकारियों की संलिप्तता सामने आई,
मामले में पुलिस ने बताया कि इस मामले में पूर्व शाखा प्रबंधक ओम प्रकाश शर्मा, पुष्पेंद्र कुमार साहू, कंपनी डायरेक्टर करूणेश अवस्थी, सेक्टर मैनेजर अमृत लाल श्रीवास तथा बिलासपुर के रीजनल मैनेजर रजनीश तिवारी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है,
आरोपियों से कंपनी से जुड़े दस्तावेज, बैंक खातों की जानकारी, संपत्ति संबंधी रिकॉर्ड तथा कथित धोखाधड़ी की रकम से खरीदे गए वाहन भी जब्त किए गए हैं, पुलिस के अनुसार, जांच में अब तक 3,848 निवेशकों से करीब 40 करोड़ 78 लाख 16 हजार 739 रुपये की धोखाधड़ी का खुलासा हुआ है,
वही रायगढ़ पुलिस अभी मामले में फरार अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है, नए साक्ष्य मिलने पर आगे भी प्रभावी कानूनी कार्रवाई की जाएगी,




