Skip to content

विरोध और आक्रोश के बीच धरना स्थल से आई एक सुखद तस्वीर-मतभेद हो सकता है मनभेद नहीं..

रायगढ़/विरोध और आक्रोश के बीच तमनार धरना स्थल से आई एक सुखद तस्वीर  मतभेद हो सकता है मनभेद नहीं..एंकर – रायगढ़ जिले के तमनार क्षेत्र में अपने जल जंगल जमीन को बचाने के लिए बीते 8 दिसंबर को जिंदल कोल माइंस की जनसुनवाई को फर्जी बताकर तमनार के 14 गांव के लोग पिछले 12 दिसंबर से धरने पर बैठे हैं,

जिंदल पावर लिमिटेड को तमनार क्षेत्र में कोल माइंस कॉल आवंटित हुई थी,इसकी पर्यावरणीय जनसुनवाई को लेकर लोगों में जबरदस्त विरोध देखने को मिला है, इसी बीच इस धरना स्थल कुछ ऐसी तस्वीर सामने आई हैं,

Ad

जो अपने आप में एक अलग ही संदेश देती है,यहाँ पिछले 10 दिनों से तमनार से कई तस्वीरें बाहर आई हैं,ज्यादातर तस्वीर में पुलिस, प्रशासन और प्रभावित जनता के आमने – सामने ही दिखे है। 

मगर आज की ऐसी तस्वीर है, जिसमें पुलिस और प्रशासन के अधिकारी कर्मचारी और प्रदर्शनकारी धरना स्थल पर बन रहे भोजन को एक साथ कतार में खड़े कर ले रहे है,एक तरफ इस आंदोलन को लेकर जहां रायगढ़ में गाली गलौज छींटाकशी तक का महौल है,वही यह सुखद तस्वीर इस बात को साबित करती है कि मतभेद हो सकता है मनभेद नहीं….   यहाँ कुछ वीडियो मे आप खुद इस बात का अनुभव कर सकते हैं,,