नोएडा/ग्रेटर नोएडा के बिसरख थाना क्षेत्र में पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और ऑनलाइन गैंबलिंग के नाम पर चल रहे एक बड़े ठगी रैकेट का पर्दाफाश किया है,यह ठगी का पूरा नेक्सस गौर सिटी सेंटर (गौड़ सिटी मॉल), चार मूर्ति चौराहा के पास चौथी मंजिल पर संचालित किया जा रहा था,पुलिस ने इस मामले में 3 पुरुष और 5 युवतियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है,गिरोह का मास्टरमाइंड दिव्यांग आरोपी सोनल उर्फ अनिरुद्ध बताया गया है, जो पूरे एप और ठगी के सिस्टम को कंट्रोल करता था।

पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ऑनलाइन गेमिंग और बैटिंग खेलने वाले लोगों को अपना निशाना बनाते थे,मेजाबुक “मजे से जीतो” नाम से संचालित व्हाट्सएप और गेमिंग एप के जरिए लोगों को ज्यादा पैसा जीतने का लालच दिया जाता था,शुरुआत में लोगों को छोटी रकम जितवाकर भरोसा जीता जाता, फिर उनसे बड़ा अमाउंट इन्वेस्ट करवाया जाता था, जैसे ही लोग ज्यादा पैसा लगाने लगते, गेम का कंट्रोल अपने हाथ में लेकर उन्हें हरवाया जाता और कई मामलों में अकाउंट ब्लॉक कर संपर्क तोड़ दिया जाता था,कौन जीतेगा और कौन हारेगा, सब मास्टरमाइंड तय करता था,

पूछताछ में खुलासा हुआ कि ऐप का पूरा कंट्रोल मुख्य आरोपी सोनल उर्फ अनिरुद्ध के पास था, गेम में कौन जीतेगा और कौन हारेगा, यह पहले से तय किया जाता था,हॉर्स रेसिंग, क्रिकेट, टेनिस, बास्केटबॉल, कैसीनो, एविएटर, रूलेट और नंबरिंग गेम जैसे कई ऑनलाइन गेम और सट्टा लोगों को खिलाया जाता था।
फर्जी सिम, कूटरचित केवाईसी और क्यूआर कोड का जाल बिछाया जाता था,आरोपियों ने ठगी के लिए फर्जी आईडी पर खरीदे गए सिम कार्ड, फर्जी केवाईसी दस्तावेज और पहले से छपवाए गए क्यूआर पेमेंट कोड का इस्तेमाल किया,जरूरत पड़ने पर क्यूआर कोड एक्टिवेट कर पैसे मंगवाए जाते थे,पुलिस को विभिन्न बैंकों—इंडियन बैंक, सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ महाराष्ट्र, पंजाब नेशनल बैंक, केनरा बैंक आदि के कई खातों की जानकारी मिली है,15 से ज्यादा बैंक खातों को फ्रीज कराने के लिए संबंधित बैंकों को पत्र भेजा गया है।



