राजनीतिक द्वेष की भेंट चढ़ रहे भाजयुमो नेता बद्री अग्रवाल
कोरबा। जिले के युवा नेता और भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश कार्य समिति सदस्य बद्री अग्रवाल इन दिनों राजनीतिक द्वेष का शिकार होते नजर आ रहे हैं। 8 जनवरी 2023 कांग्रेस शासनकाल का एक वीडियो वायरल कर उनके खिलाफ बिना जांच के एफआईआर दर्ज करा दी गई है।
📌 “ना जान, ना पहचान…” – बद्री अग्रवाल की सफाई
भाजयुमो नेता बद्री अग्रवाल ने बताया कि उन्हें नवभारत समाचार पत्र पढ़ने से जानकारी हुई कि पोड़ीबहार निवासी रंजीत पटेल ने धमकाने का आरोप लगाकर सिविल लाइन थाना में अपराध दर्ज कराया है। उन्होंने कहा – “मैं इस व्यक्ति को न जानता हूँ, न कभी मिला हूँ और न ही किसी भी माध्यम से बातचीत हुई है। यह वीडियो 8 जनवरी 2023 का है जब प्रदेश में कांग्रेस की सरकार थी। भाजपा संगठन में इस समय चल रही नियुक्तियों को देखते हुए अब इसे वायरल किया जा रहा है। यह पूरी तरह छवि धूमिल करने की राजनीतिक साजिश है।”

📝 एसपी को लिखित शिकायत
बद्री अग्रवाल ने कोरबा एसपी को शिकायत पत्र सौंपा है। उन्होंने कहा कि रंजीत पटेल द्वारा दर्ज कराए गए इस झूठे एफआईआर से उनकी प्रतिष्ठा को गहरी ठेस पहुंची है। उन्होंने यह भी बताया कि वर्तमान समय में वे गया, बिहार में पितृमोक्षार्थ कार्य हेतु मौजूद हैं, ऐसे में किसी को धमकाने का सवाल ही नहीं उठता।
⚖️ न्याय की मांग
अग्रवाल ने कहा कि यह सब उनकी छवि खराब करने और उन्हें मानसिक एवं शारीरिक रूप से पीड़ित करने के उद्देश्य से किया गया है। उन्होंने पुलिस प्रशासन से निष्पक्ष जांच कर उचित न्याय की मांग की है।


